Loading practice questions
ICICI बैंक लिमिटेड बनाम त्रिशला अपैरल्स प्राइवेट लिमिटेड (2015) में, मद्रास उच्च न्यायालय ने समय द्वारा वर्जित वादों के संबंध में क्या जोर दिया (परिसीमा अधिनियम)
(C) न्यायालय का यह कर्तव्य है कि वह समय-सीमा से परे वादों को खारिज कर दे, भले ही विरोधी पक्षकार दलील न दे।
Explanation:
ICICI बैंक लिमिटेड बनाम त्रिशला अपैरल्स प्राइवेट लिमिटेड (2015) में, मद्रास उच्च न्यायालय ने इस बात पर जोर दिया कि अदालत समय से बाधित वादों को खारिज करने के लिए बाध्य है, भले ही विरोधी पक्ष ने दलील नहीं दी हो।